Books / Sāmudrika Śāstra — Parts 1 & 2 (Śukla)

47. Sāmudrika Śāstra — Parts 1 & 2 (Śukla) — वर्णलक्षण

वर्णलक्षण

द्युतिमान् वर्णः स्निग्धः च्ितिपानां मध्यमः सुतार्थवताम्। रूक्षो धनहीनानां शुद्धश्शुभदो न संकीर्ण: ॥ ६ ॥ तेजस्वी और चिकने वर्णवाले पृथ्वीपाल होते हैं। जिनका वर्ण मध्यम हो वे पुत्रवान् और धनवान् होते हैं। जिनका वर्ण रूखा हो वे निर्धन होते हैं। शुद्ध वर्ण शुभदायक होता है। मिश्रित वर्णवाले दीन होते हैं ॥६॥